अब तेल पर छिड़ गयी जंग! Iran से घबराये Trump. चीन से लगाई गुहार, भारत में भी गहराया ‘महासंकट’
अब तेल पर छिड़ गयी जंग! Iran से घबराये Trump. चीन से लगाई गुहार, भारत में भी गहराया 'महासंकट'


Trump is scared of Iran: पश्चिम एशिया में ईरान और इज़राइल के बीच चल रही खतरनाक जंग अब विश्व स्तर पर तनाव का बड़ा कारण बनती जा रही है। हाल ही में अमेरिका द्वारा ईरान के तीन परमाणु ठिकानों पर किए गए ताबड़तोड़ हमलों के बाद हालात और ज्यादा गंभीर हो गए हैं।
ईरान ने न सिर्फ मुंह तोड़ जवाब की धमकी दी है बल्कि फारस की खाड़ी और अरब सागर को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को बंद करने की चेतावनी देकर पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया है।
ईरान की इस चेतावनी का सबसे बड़ा प्रभाव वैश्विक तेल आपूर्ति पर पड़ सकता है क्योंकि विश्व का लगभग 20 फीसदी तेल और गैस इसी संकरे समुद्री रास्ते से होकर गुजरता है। ईरानी संसद द्वारा इस फैसले को समर्थन दिए जाने के बाद अमेरिका खुद दबाव में आ गया है और उसने चीन से सहायता के लिए गुहार लगाई है।
चीन से अमेरिका की गुहार
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने बीजिंग से अपील की है कि वह ईरान को जलडमरूमध्य को बंद करने से रोक लें, क्योंकि चीन भी अपनी बड़ी तेल आवश्यकताओं के लिए इसी मार्ग पर निर्भर है। उन्होंने चेतावनी दी कि आगर ईरान यह कदम उठाता है, तो यह उसके लिए ‘आर्थिक आत्महत्या’ साबित होगा और इससे पूरी दुनिया पर बड़ा प्रभाव पड़ेगा।
भारत की चिंता बढ़ी
भारत भी इस संकट से अछूता नहीं है। फारस की खाड़ी के माध्यम से भारत की बड़ी तेल आपूर्ति होती है। ऐसे में होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने से भारत को बड़ा झटका लग सकता है। इस पर केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने बयान देते हुए कहा कि देश के पास कई हफ्तों की आपूर्ति का भंडार फिलहाल है और वैकल्पिक रूट्स से तेल की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि देश में ईंधन संकट नहीं आने दिया जाएगा।
चीन की तीखी प्रतिक्रिया
वहीं चीन ने अमेरिका के हमले की घोर निंदा करते हुए इसे संयुक्त राष्ट्र चार्टर और अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन बताया। चीन ने सभी पक्षों से युद्ध विराम की अपील करते हुए कहा कि इज़राइल के साथ सभी पक्ष बातचीत से समाधान निकालें और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
क्या है ‘होर्मुज जलडमरूमध्य’ का महत्व?
‘होर्मुज जलडमरूमध्य’ विश्व के सबसे रणनीतिक जलमार्गों में से एक है। इसके माध्यम से खाड़ी देशों से निकला तेल यूरोप, एशिया और अमेरिका तक पहुंचाया जाता है। यदि यह मार्ग बंद होता है, तो तेल की कीमतें आसमान छू सकती हैं और दुनिया में अर्थव्यवस्था पर इसका गंभीर रूप से प्रभाव पड़ेगा।
बता दे, ईरान-अमेरिका-इज़राइल के बीच हाल ही में बना यह संघर्ष एक तेल युद्ध का संकेत दे रहा है, जिसमें वैश्विक शक्तियों की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई है। भारत समेत दुनिया के कई देश इस टकराव को टालने की उम्मीद में हैं, लेकिन फिलहाल हालात बेहद संवेदनशील हैं।



