डॉक्टरों के गायब होने पर मंत्री सख्त:सुबह 9:15 बजे भोपाल में करानी होगी अटेंडेंस, ड्यूटी पर नहीं मिले तो सिविल सर्जन पर कार्रवाई


कोरोना का खतरा अब कम हो रहा है, लेकिन सरकारी अस्पतालों में मरीज इलाज के लिए परेशान हो रहे हैं। छोटे अस्पतालों यानि सीएचसी, पीएचसी ही नहीं, बल्कि जिला अस्पतालों में डॉक्टर टाइम पर अस्पताल नहीं पहुंच रहे। इस कारण ओपीडी में पहुंचने वाले मरीजों को समय पर उपचार नहीं मिल पा रहा है। डॉक्टर्स के ड्यूटी टाइम में गायब रहने की शिकायतों पर स्वास्थ्य मंत्री ने सख्ती दिखाई है। अब जिला अस्पतालों में पदस्थ हर डॉक्टर की अटेंडेंस सिविल सर्जन को अपने मोबाइल के व्हाट्सएप से हेल्थ कमिश्नर के पास भोपाल स्वास्थ्य संचालनालय भेजनी होगी। इससे हर डॉक्टर की निगरानी हो सकेगी।
गलत जानकारी देने पर सिविल सर्जन पर कार्रवाई
स्वास्थ्य आयुक्त ने रोजाना सुबह 9:15 बजे जिला अस्पतालों के डॉक्टर्स की जानकारी निर्धारित प्रपत्र में भरकर संचालनालय के मोबाइल नंबर 7000092927 पर व्हाट्सएप या एसएमएस से भेजने के लिए आदेश दिए गए हैं। यदि सिविल सर्जन ने किसी डॉक्टर की गलत अटेंडेंस भेजी और निरीक्षण के दौरान वह डॉक्टर गायब मिले, तो अस्पताल के सिविल सर्जन पर कार्रवाई होगी।
आज से लागू होगी नई व्यवस्था
जेपी अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. राकेश श्रीवास्तव के मुताबिक ओपीडी में डॉक्टर्स की निगरानी के लिए स्वास्थ्य विभाग ने ये नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है। बुधवार से नई व्यवस्था लागू कर दी जाएगी।



