शहला मसूद हत्यकांड की आरोपी के पति के खिलाफ डेढ़ करोड़ की ठगी का केस दर्ज


भोपाल। पुलिस ने एक व्यवसायी की शिकायत पर पेट्रोल पंप संचालक के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। आरोप है कि पंप संचालक ने मॉडल ग्राउंड स्थित वक्फ की जमीन का सौदा कर व्यवसायी से 85 लाख रुपये ऐंठ लिए, लेकिन जमीन की रजिस्ट्री नहीं कराई। आरोपित राजधानी के बहुचर्चित आरटीआईआई एक्टिविस्ट शहला मसूद हत्याकांड की मुख्य आरोपी जाहिदा परवेज का पति असद परवेज है। जाहिदा वर्तमान में हाईकोर्ट से जमानत पर है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
शाहजहांनाबाद पुलिस के मुताबिक कोहेफिजा में रहने वाले सैयद तारिक अली (36) व्यवसायी हैं। करीब दो साल पहले उनकी मुलाकात असद परवेज से हुई थी। तब असद परवेज ने तारिक को बताया कि वह मॉडल ग्राउंड के सामने स्थित अपना पेट्रोल पंप बंद करना चाहते हैं। साथ ही पेट्रोल पंप की करीब 14 हजार वर्गफीट जमीन बेचना चाहते हैं। तारिक ने मौके की उस जमीन को खरीदने पर सहमति जताई। अगस्त 2017 में दोनों के बीच करार हुआ और डेढ़ करोड़ रुपए में जमीन का सौदा तय हो गया। अनुबंध होने के बाद तारिक ने जमीन की तय कीमत में से 85 लाख रुपये असद परवेज को दिए। रुपए अदा करने के बाद जब जमीन की रजिस्ट्री कराने की बात आई तो असद परवेज ने टाला-मटोली करना शुरू कर दिया। इससे परेशान होकर तारिक ने कहा कि यदि रजिस्ट्री नहीं कराते हो तो उनकी रकम वापस कर दो। असद ने न तो रकम लौटाई और न ही जमीन की रजिस्ट्री करवाई। अंततः तारिक अली ने सीएसपी शाहजहांनाबाद नागेंद्र पटेरिया से मामले की लिखित शिकायत की। सीएसपी के मुताबिक पुलिस ने शिकायत की जांच शुरू की तो पता चला कि असद परवेज ने जिस जमीन का सौदा कर दिया है,वह वक्फ बोर्ड की संपत्ति है। इस जमीन को खरीदा-बेचा नहीं जा सकता है। खास बात यह है कि अनुबंध जिस जमीन का हुआ है,उस पर पेट्रोल पंप स्थापित है। इसके बावजूद लिखापढ़ी में पेट्रोल पंप का जिक्र ही नहीं है। जांच के बाद पुलिस ने असद के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है।



