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पंजाब / बीमे के 6 करोड़ हड़पने को कोल्ड ड्रिंक व्यापारी ने रची अपनी हत्या की साजिश, ली 15 साल पुराने नौकर की जान


तरनतारन. जिले में हरिके पत्तन के पास मिली जली हुई लाश अमृतसर के कोल्ड ड्रिंक कारोबारी अनूप सिंह की नहीं, बल्कि उसके नौकर की थी। सवाल है कि फिर अनूप कहां गायब हो गया, इसका जवाब है उसे ग्वालियर से गिरफ्तार कर लिया जाना। पुलिस के मुताबिक इस वारदात को कारोबारी ने 6 करोड़ के बीमे की राशि हजम करने के लिए अपनी हत्या का ड्रामा रचा था और जान 15 साल पुराने नौकर की ले ली थी। आखिर शक और फिर कॉल डिटेल के आधार पर आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ ही गया।
दरअसल, गुरुवार को जिले के गांव किरतोवाल के पास लोगों ने सड़क किनारे एक जली हुई लाश देखी तो पुलिस को सूचित किया। हालांकि प्राथमिक जानकारी के अनुसार पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल शुरू की तो युवक की पहचान अमृतसर के अमृतसर के वाहेगुरु सिटी के रहने वाले अनूप सिंह (27) के रूप में हुई थी, क्योंकि मौके से लाश के पास से उसकी कार मिली थी। पुलिस ने अनूप के परिवार को सूचित किया, जिसके चार घंटे बाद अनूप सिंह के पिता तरलोक सिंह अपने दूसरे बेटे करनजीत सिंह के साथ मौके पर पहुंचे। उन दोनों ने मृतक की पहचान अनूप के रूप में की थी।
पुलिस ने पाया कि यह लाश अनूप की बजाय, 15 साल से उसके परिवार में नौकर रह रहे एक युवक की थी। इस राज से पर्दा किस तरह उठा, इसके बारे में एसपी (आई) जगजीत सिंह वालिया ने बताया कि लाश की सूचना के बाद कार के अंदर खून के धब्बे, शराब की बोतल व गिलास होने पर पुलिस को संदेह हुआ। तरलोक सिंह ने कार के पास बुरी तरह से जले शव की शिनाख्त अपने बेटे अनूप सिंह के रूप में की। शव देख पिता और भाई ज्यादा हैरान नहीं थे और रोने का नाटक कर रहे थे। अनूप का मोबाइल भी बंद आ रहा था। बाद में पुलिस ने अनूप की कॉल डिटेल्स की जांच की तो लोकेशन ग्वालियर की मिली। पुलिस का शक यकीन में बदल गया।
जांच में पता चला कि अनूप सिंह ने अपने भाई करनजीत सिंह, पिता तरलोक सिंह व एक दोस्त के साथ मिलकर साजिश रची थी। अनूप ने यह सब छह करोड़ रुपए के लालच में किया। अनूप ने छह करोड़ का जीवन बीमा करवाया था, इसलिए उसने बीमे की राशि लेकर राज्य से बाहर पहचान बदलकर रहने के लिए खुद की हत्या का ड्रामा रचा। वारदात को अंजाम देने से पहले बुधवार रात अनूप व उसका छोटा भाई करनजीत अपने घर से कार लेकर निकले थे। उन्होंने नौकर को भी साथ ले लिया। रास्ते में नौकर को शराब पिलाई। गांव बूह की हदबंदी में नौकर की हत्या कर शव जला दिया, ताकि पहचान न हो सके। हत्या के बाद वह ग्वालियर भाग गया।
एडीसीपी हरपाल सिंह की मानें तो दूसरी ओर यह भी पता चला है कि 19 जनवरी 2020 को अनूप की छोटी बहन नैनसी का तो फिर 14 फरवरी को अनूप सिंह का विवाह तय किया गया था। अब कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस ने आरोपी अनूप को ग्वालियर से गिरफ्तार कर लिया है। गेट हकीमां निवासी अनूप सिंह के परिवार के कुछ सदस्यों को भी पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।

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