MP में सहारा प्रमुख सुब्रत राय पर FIR: जबलपुर EOW ने 3 FIR दर्ज कीं, 38 निवेशकों के 38 लाख रुपए हड़पने के मामले में कार्रवाई


मध्यप्रदेश के जबलपुर में आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने सहारा प्रमुख सुब्रत राय समेत 7 लोगों के खिलाफ तीन FIR दर्ज किए हैं। कंपनी प्रमुख और अन्य पर आरोप है कि उन्होंने शहर के 38 निवेशकों से लगभग 38 लाख रुपए हड़प लिए हैं।
ईओडब्ल्यू एसपी देवेंद्र सिंह राजपूत के मुताबिक जबलपुर के गोरखपुर व रांझी और कटनी के 38 निवेशकों की ओर से शिकायत मिली थी। निवेशकों ने आरोप लगाए कि उनकी जमा की गई रकम की परिपक्वता अवधि समाप्त होने के बावजूद कंपनी पैसे नहीं दे रही है। जब भी वे सहारा इंडिया की शाखाओं में जाते हैं, तो वहां कोई भी अधिकारी सही जवाब नहीं देता है।
इस केस को ईओडब्ल्यू ने जांच में लिया था। भोपाल से एफआईआर की मंजूरी मिलने के बाद जबलपुर शाखा को विवेचना सौंपी गई है। एसपी के मुताबिक दूसरे निवेशकों की शिकायत आवेदन को भी इस मामले में शामिल कर जांच में लिया जाएगा।
इन शिकायतों पर दर्ज हुई एफआईआर
- सहारा इंडिया कंपनी की गोरखपुर शाखा में कुल 12 निवेशकों ने 68 लाख रुपए जमा किए थे। परिपक्वता अवधि समाप्त होने के बाद भी उन्हें पैसे नहीं दिए जा रहे हैं। प्रकरण में ईओडब्ल्यू ने स्थानीय शाखा प्रबंधन, एजेंट आदि सहित सहारा प्रमुख सुब्रत रॉय को धोखाधड़ी व अमानत में ख्यानत सहित विभिन्न धाराओं में आरोपी बनाया है।
- सहारा इंडिया की शाखा रांझी में कुल 16 निवेशकों ने 42 लाख रुपए जमा किए थे। इन निवेशकों को भी अब बैंक की ओर से पैसे नहीं दिए जा रहे हैं। यहां भी सुब्रत रॉय सहित सात लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया है।
- सहारा इंडिया की कटनी शाखा में कुल 4 निवेशकों ने 24 लाख रुपए जमा किए थे। इन निवेशकों को भी परिपक्वता अवधि समाप्त होने के बावजूद पैसे नहीं दिए जा रहे थे। यहां सुब्रत रॉय सहित 5 नामजद व अन्य को आरोपी बनाया गया है।
एमपी में पहली बार सहारा प्रमुख सुब्रत राय को बनाया गया आरोपी
ईओडब्ल्यू अधिकारियों के मुताबिक एमपी में पहली बार सहारा प्रमुख सुब्रत राय के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। जबलपुर सहित अन्य जिलों में निवेशकों द्वारा करोड़ों रुपए जमा किए थे, कि परिपक्वता पूर्ण होने पर ब्याज सहित रुपए मिलेंगे। अन्य निवेशकों की शिकायत को भी जांच में शामिल किया जाएगा।



